ब्रह्मोस से अस्त्र मिसाइल तक... PM मोदी के इंडोनेशिया दौरे पर 19 बड़े समझौते, रक्षा से व्यापार तक मजबूत हुई साझेदारी
भारत और इंडोनेशिया के बीच ब्रह्मोस मिसाइल प्रणाली पर सहयोग, एयर-टू-एयर 'अस्त्र' मिसाइल समझौता और समुद्री सुरक्षा सहयोग को मजबूत करने पर सहमति बनी। साथ ही इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारी बढ़ाने और सबांग बंदरगाह के संयुक्त विकास का भी फैसला लिया गया। IFC-IOR में इंडोनेशिया के संपर्क अधिकारी की तैनाती से दोनों देशों के बीच रियल-टाइम समुद्री सूचना साझा करना आसान होगा।
खनिज, स्टील और उद्योग पर बड़ा फोकस
दोनों देशों ने महत्वपूर्ण खनिजों की सप्लाई चेन, स्टील और रेयर अर्थ मैग्नेट के विकास में सहयोग बढ़ाने का फैसला किया। SAIL और PT Krakatau Steel के बीच इंडोनेशिया में स्टेनलेस स्टील स्लैब उत्पादन के लिए संयुक्त उद्यम पर सहमति बनी। इसके अलावा मिनरल्स और स्टील टेक्नोलॉजी, रिसर्च और इनोवेशन को लेकर भी कई समझौते हुए।
कृषि, स्वास्थ्य और तकनीक में बढ़ेगा सहयोग
कृषि, मेडिकल उत्पादों के नियमन, टेलीकम्युनिकेशन, हेल्थ वर्कफोर्स, डिजास्टर मैनेजमेंट और वैज्ञानिक अनुसंधान जैसे क्षेत्रों में कई एमओयू पर हस्ताक्षर हुए। भारत इंडोनेशिया को 100 टन उच्च गुणवत्ता वाले गेहूं के बीज भी उपलब्ध कराएगा। साथ ही शांतिपूर्ण अंतरिक्ष सहयोग के फ्रेमवर्क को भी आगे बढ़ाने पर सहमति बनी।
शिक्षा, संस्कृति और डिजिटल साझेदारी को बढ़ावा
योग्याकार्ता के प्रम्बानन मंदिर संरक्षण में भारत सहयोग करेगा। दोनों देशों ने टैगोर-देवान्तारा वर्ष मनाने, इंडोनेशिया के सिंघासारी SEZ में IIM बेंगलुरु का कैंपस स्थापित करने, ONDC और इंडोनेशिया ओपन नेटवर्क के बीच सहयोग तथा भारत के चुनाव आयोग और इंडोनेशिया के चुनाव आयोग के बीच एमओयू पर भी सहमति जताई। इन समझौतों से दोनों देशों के रिश्तों को नई रणनीतिक और आर्थिक दिशा मिलने की उम्मीद है।
