नई दिल्ली, न्यूज प्लस। बलोच बागियों ने बलोचिस्तान को आजाद देश घोषित कर दिया। बागियों ने अपना अलग झंडा और राष्ट्रगान जारी कर दिया, साथ ही अपनी करेंसी भीजारी कर दी है। इसी के साथ बलोच बागियों ने दुनिया से अपने अलग देश को मान्यता देने की अपील भी शुरू कर दी है। उनका दावा है कि 85 फीसदी बलोचिस्तान पर उनका कब्जा है और 2026 के अंत तक बाकी बलोचिस्तान से वे पाकिस्तानी सेना को खदेड़कर अपना कब्जा कर लेंगे।
1947 में बलोचिस्तान अजाद था, इसमें चार रियासतें थीं। 14 अगस्त 1947 में भारत से अलग होकर पाकिस्तान बनने के बाद वहां के हुक्मरानों ने इन रिय़ासतों को मिलाने के लिए वार्ता शुरू की और कुछ दिनों में सुरक्षा और सुविधाएं देने के वायदे पर चारो रियासतें पाकिस्तान के साथ शामिल हो गईं। लम्बे समय से पाकिस्तान हुक्मरान बलोचिस्तान का दोहन कर रह हैं और वहां के लोग भूखो मर रहे हैं। लम्बे समय से बलोच आजादी की लड़ाई लड़ रहे हैं, सेना उनका दमन कर रही है लेकिन बलोचों ने हार नहीं मानी और लगातार सेना से मोर्चा ले रहे हैं।
अब बलोचों ने अपने को आजाद घोषित कर दिया है। इसी के साथ बलोचिस्तान का पाकिस्तान से टूट गया है। आजाद देश के ऐलान के साथ बलोचिस्तान ने अपनी करंसी जारी कर दी। अपना झंडा फहराने के साथ ही अपना अलग राष्ट्रगान जारी कर दिया। बलोच बागियों का दावा है कि 85 फीसदी बलोचिस्तान पर उनका कब्जा है। बलोच बागियों ने ऐलान किया है कि कुछ समय में बाकी बचे इलाके से भी पाकिस्तानी फौज को खदेड़ देंगे। अब चर्चा शुरू हो गई है कि अब क्या खैबर पख्तून खां और पीओके के टूटने की बारी है, यहां के लोग भी पाकिस्तान सरकार से लड़ रहे हैं और आजादी की मांग कर रहे हैं।
