logo

header-ad
header-ad
ट्रम्प की टैरिफ नीति: पाकिस्तान-बांग्लादेश पर मेहरबानी, भारत-ब्राजील पर 50% टैरिफ का झटका

ट्रम्प की टैरिफ नीति: पाकिस्तान-बांग्लादेश पर मेहरबानी, भारत-ब्राजील पर 50% टैरिफ का झटका

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने हाल ही में अपनी टैरिफ नीति के तहत कई देशों पर नए आयात शुल्क लागू किए हैं, जिसने वैश्विक व्यापार जगत में हलचल मचा दी है। इस नीति के तहत पाकिस्तान और बांग्लादेश को कम टैरिफ दरों का सामना करना पड़ रहा है, जबकि भारत और ब्राजील पर भारी-भरकम 50% टैरिफ लगाया गया है।

ट्रम्प प्रशासन ने 68 देशों और यूरोपीय संघ के 27 देशों पर नए टैरिफ लागू करने का ऐलान किया है, जो 7 अगस्त 2025 से प्रभावी हो चुके हैं। ट्रम्प ने पाकिस्तान और बांग्लादेश पर लगाए गए टैरिफ अन्य प्रमुख व्यापारिक साझेदारों की तुलना में काफी कम हैं। पाकिस्तान पर पहले 29% टैरिफ का ऐलान किया गया था, जिसे बाद में घटाकर 19% कर दिया गया। बांग्लादेश ने भी अप्रैल में 37% टैरिफ से राहत पाते हुए 20% टैरिफ हासिल किया। वहीं, भारत और ब्राजील पर 50% टैरिफ ने इन देशों के निर्यात क्षेत्र को बड़ा झटका दिया है।

  • पाकिस्तान: 19% टैरिफ
  • बांग्लादेश: 20% टैरिफ
  • भारत: 50% टैरिफ (30 जुलाई को 25% और 27 अगस्त से अतिरिक्त 25%)
  • ब्राजील: 50% टैरिफ
  • चीन: 30% टैरिफ
  • कनाडा: 35% टैरिफ
  • सीरिया: 41% टैरिफ

भारत पर भारी टैरिफ का कारण

ट्रम्प ने भारत पर 50% टैरिफ लगाने का मुख्य कारण रूस से तेल और रक्षा उत्पादों की खरीद को बताया है। उनके अनुसार, भारत का रूस के साथ व्यापार यूक्रेन युद्ध में रूस को समर्थन देने का काम कर रहा है। ट्रम्प ने इसे "अमेरिका विरोधी" कदम करार देते हुए भारत पर दंडात्मक टैरिफ लगाने का फैसला किया। इसके अलावा, ट्रम्प ने भारत को "टैरिफ किंग" कहकर यह भी दावा किया कि भारत अमेरिकी सामानों पर ऊंचे टैरिफ लगाता है, जिसके जवाब में यह कदम उठाया गया है।

भारत सरकार ने इस फैसले को "अनुचित, अन्यायपूर्ण और अतार्किक" बताया है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा के लिए रूस से तेल खरीदना जारी रखेगा और अमेरिका का यह कदम दोहरे मापदंड को दर्शाता है, क्योंकि अमेरिका स्वयं रूस से यूरेनियम और अन्य उत्पाद आयात करता है।

पाकिस्तान और बांग्लादेश को राहत क्यों?

पाकिस्तान और बांग्लादेश पर कम टैरिफ के पीछे कई कूटनीतिक और आर्थिक कारण हैं। पाकिस्तान के मामले में, अमेरिका ने हाल ही में तेल और खनिज संसाधनों को लेकर एक समझौता किया है, जिसके तहत टैरिफ को 29% से घटाकर 19% किया गया। यह कदम पाकिस्तान के कपड़ा उद्योग, जो इसके निर्यात का 80% हिस्सा है, इसके अलावा, अमेरिका पाकिस्तान के जरिए भारत पर दबाव बनाने की रणनीति भी adopt कर रहा है, क्योंकि पाकिस्तान में चीन का प्रभाव बढ़ रहा है और अमेरिका इसे संतुलित करना चाहता है।

बांग्लादेश के लिए, अमेरिका ने टैरिफ को 37% से घटाकर 20% किया, जो इसके कपड़ा निर्यात के लिए बड़ी राहत है। बांग्लादेश दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा कपड़ा निर्यातक है, और कम टैरिफ से इसके उत्पाद अमेरिकी बाजार में भारत और अन्य देशों की तुलना में सस्ते रहेंगे। बांग्लादेश के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार डॉ. खलीलुर्रहमान ने इसे कूटनीतिक जीत करार दिया।

भारत और ब्राजील पर असर

भारत और ब्राजील पर 50% टैरिफ का असर इन देशों के निर्यात क्षेत्र, खासकर कपड़ा, आभूषण, ऑटो पार्ट्स, और रसायन उद्योगों पर पड़ने की संभावना है। भारत का अमेरिका को सालाना 86.5 अरब डॉलर का निर्यात प्रभावित हो सकता है। विशेष रूप से, टेक्सटाइल और गारमेंट उद्योग, जो 4.5 करोड़ लोगों को रोजगार देता है, को भारी नुकसान हो सकता है। अमेरिकी रिटेल कंपनियां जैसे Amazon, Walmart, और Target ने पहले ही भारतीय निर्यातकों से नए ऑर्डर रोक दिए हैं, क्योंकि 50% टैरिफ के कारण भारतीय उत्पाद महंगे हो जाएंगे। इसके विपरीत, बांग्लादेश और वियतनाम (20% टैरिफ) जैसे देशों को ऑर्डर मिलने की संभावना बढ़ गई है।

ब्राजील पर भी 50% टैरिफ का असर समान रूप से गंभीर है। यह कदम ब्राजील के कृषि और औद्योगिक निर्यात को प्रभावित करेगा। दोनों देश अब वैकल्पिक व्यापारिक साझेदारों की तलाश में हैं, और भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्राजील के राष्ट्रपति लूला दा सिल्वा और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के साथ बातचीत की योजना बनाई है।

भारत की प्रतिक्रिया

भारत ने ट्रम्प के टैरिफ पर जवाबी कार्रवाई की संभावना जताई है। प्रधानमंत्री मोदी ने स्पष्ट किया कि भारत अपने किसानों, मछुआरों, और डेयरी क्षेत्र के हितों से समझौता नहीं करेगा। भारत अब BRICS देशों (ब्राजील, रूस, भारत, चीन, और दक्षिण अफ्रीका) के साथ मिलकर एक साझा रणनीति बना सकता है। अगस्त में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (SCO) सम्मेलन में मोदी और शी जिनपिंग की मुलाकात इस दिशा में महत्वपूर्ण हो सकती है।

Leave Your Comment