भोपाल की ट्विशा शर्मा मौत मामले में बड़ा मोड़ आ गया है। राज्य सरकार ने इस केस की जांच केंद्रीय एजेंसी सीबीआई को सौंपने का फैसला किया है। परिवार इस मामले में स्वतंत्र जांच की मांग कर रहा था। जांच बदलने के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि कई अनसुलझे सवालों के जवाब सामने आ सकते हैं और घटनाक्रम की तस्वीर निकल सकती है।
परिवार ने उठाए सवाल
ट्विशा के परिवार ने शुरुआत से ही जांच पर सवाल उठाए थे। उनके भाई ने आरोप लगाया था कि मामले में ठीक तरीके से कार्रवाई नहीं हो रही है। परिवार का कहना था कि कई पहलुओं को गंभीरता से नहीं देखा गया। उन्होंने प्रभावशाली लोगों के दबाव की आशंका जताई थी। बढ़ते सवालों और विरोध के बीच जांच एजेंसी बदलने का फैसला अहम माना जा रहा है।
फरार पति पर नजर
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल ट्विशा के पति समर्थ सिंह को लेकर बना हुआ है। घटना के कई दिन बाद भी वह पुलिस की पकड़ से बाहर बताए जा रहे हैं। पुलिस ने उन पर इनाम घोषित किया है और उनके खिलाफ लुकआउट नोटिस भी जारी किया गया है। बैंक खातों और दस्तावेजों की जांच की जा रही है ताकि उनकी गतिविधियों की जानकारी जुटाई जा सके।
सास की भूमिका चर्चा में
मामले में ट्विशा की सास और सेवानिवृत्त न्यायाधीश गिरिबाला सिंह की भूमिका को लेकर सवाल उठ रहे हैं। परिवार का आरोप है कि घटना वाले घर में वह अभी भी मौजूद हैं। इसी वजह से साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पुलिस का कहना है कि प्रक्रिया के अनुसार कार्रवाई की जा रही है और संबंधित लोगों को नोटिस भेजे गए हैं।
जांच में देरी का आरोप
परिवार ने जांच की गति पर भी सवाल उठाए हैं। आरोप है कि चीजों को समय पर जांच के लिए नहीं भेजा गया। परिवार का कहना है कि कुछ सबूतों की फॉरेंसिक प्रक्रिया में देरी हुई। इसी वजह से मामले को लेकर संदेह और बढ़ता गया। यही कारण रहा कि परिवार बड़ी एजेंसी से जांच कराने की मांग कर रहा था।
अब सबकी नजर सीबीआई पर
अब पूरे मामले में सबकी नजर सीबीआई जांच पर टिकी हुई है। लोगों को उम्मीद है कि नई जांच से कई ऐसे पहलू सामने आएंगे जो अब तक साफ नहीं हो पाए हैं। सवाल सिर्फ एक घटना का नहीं बल्कि न्याय और भरोसे का भी बन चुका है। आने वाले दिनों में यह जांच किस दिशा में जाती है उस पर सभी की नजर बनी रहेगी।
