उत्तर प्रदेश का औद्योगिक नगरी कानपुर एक बार फिर सुर्खियों में है। कानपुर को भारत के सबसे खुशहाल शहरों में नंबर 1 का तमगा मिला है। यहां के लोग अपनी 'मस्तमौला' जिंदगी, दोस्ती की गर्मजोशी और सस्ते-सुलभ रहन-सहन से न सिर्फ खुद को खुश रखते हैं, बल्कि आने वाले हर मेहमान का भी दिल जीत लेते हैं।
यह खबर iVisa की 'हैप्पीएस्ट सिटी इंडेक्स' रिपोर्ट से निकली है, जिसमें दुनिया के 40 सबसे खुशहाल शहरों की लिस्ट जारी की गई। आश्चर्यजनक रूप से, इस वैश्विक सूची में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाला इकलौता शहर कानपुर है, जो 'फ्रेंडलीनेस' कैटेगरी में नौवें स्थान पर काबिज है। रिपोर्ट में कहा गया है कि कानपुर के निवासियों की 'यारबाजी' और हमेशा हंसते-मुस्कुराते चेहरे उन्हें दुनिया के टॉप खुशमिजाज लोगों में शुमार करते हैं।
क्यों है कानपुर 'खुशहाल'
कानपुर को 'मैनचेस्टर ऑफ द ईस्ट' के नाम से जाना जाता है, लेकिन खुशहाली के मामले में यह अपनी अलग पहचान बना चुका है। रिपोर्ट के अनुसार, यहां के लोग टेंशन-फ्री लाइफ जीते हैं। शहर की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, स्वादिष्ट स्ट्रीट फूड, किफायती जीवनशैली और रंगीन नाइटलाइफ इसे एक आदर्श जगह बनाते हैं। गंगा नदी के किनारे बसा यह शहर न सिर्फ घूमने-फिरने लायक है, बल्कि रहने वालों के लिए भी एक जन्नत सरीखा।
- दोस्ती का शहर: कानपुरवासी अपनी 'चौड़ा-पॉइंट' वाली गपशप और 'भाईचारा' के लिए मशहूर हैं। रिपोर्ट में 'फ्रेंडलीनेस' फैक्टर को सबसे ऊपर रखा गया, जहां कानपुर ने देशभर के शहरों को पछाड़ दिया। यहां हर कोई दोस्त लगता है – चाहे चाय की दुकान हो या सड़क किनारे का ढाबा।
- सस्ता और मजेदार लाइफस्टाइल: मुंबई-दिल्ली जैसे महंगे शहरों के मुकाबले कानपुर में रहना सस्ता है। एक किलोमीटर की दूरी तय करने में न पैसे खर्च होते हैं, न वक्त। प्लेटफुल चाट-समोसे से लेकर मॉल्स तक, सब कुछ जेबहित। नाइट लाइफ में जीवंत बाजार और लोकल इवेंट्स लोगों को बांधे रखते हैं।
- प्राकृतिक सौंदर्य और मौसम: गंगा का किनारा, पार्क्स और हरियाली कानपुर को 'सनniest सिटी' भी बनाती है। सर्दियों में ठंडी हवाएं और गर्मियों में मस्त ठंडक – यहां का मौसम हमेशा मूड फ्रेश रखता है।
कानपुर की झलक
कानपुर का इतिहास भी कम रोचक नहीं। 1857 के स्वतंत्रता संग्राम में अपनी भूमिका के लिए जाना जाने वाला यह शहर आज उत्तर प्रदेश का औद्योगिक हब है। यहां चमड़ा उद्योग, टेक्सटाइल और आईटी सेक्टर फल-फूल रहे हैं। कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन देश के सबसे व्यस्त स्टेशनों में शुमार है, जो दिल्ली, कोलकाता और लखनऊ को जोड़ता है। मेट्रो रेल का विस्तार और नया एयरपोर्ट इसे और कनेक्टेड बना रहा है।
शहर में आईआईटी कानपुर जैसी प्रतिष्ठित संस्थाएं शिक्षा का केंद्र हैं, जबकि ग्रीन पार्क स्टेडियम क्रिकेट प्रेमियों का स्वर्ग। पर्यटन के लिहाज से भी कानपुर कमाल का है भितरगांव मंदिर, जाजमऊ का किला और गंगा स्नान स्थल हर साल लाखों पर्यटकों को लुभाते हैं।



