सोशल मीडिया पर एक वीडियों जमकर वायरल हो रहा है, जिसमे दावा किया जा रहा है कि एक मरीन ट्रेनर जेसिका रैडक्लिफ को एक किलर व्हेल ने हमला करके खा लिया। इस वीडियों के देखने के बाद लोग हैरान रह गए है, इसने दुनिया भर से लोगों का ध्यान खींचा है, लेकिन क्या यह खबर सच है, या यह केवल एक अफवाह है? आइए इस मामले की गहराई से पड़ताल करें।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, विशेष रूप से यूट्यूब, एक्स और इंस्टाग्राम, पर वीडियो और पोस्ट्स सामने आए जिनमें दावा किया गया कि जेसिका रैडक्लिफ नाम की एक मशहूर ओर्का ट्रेनर पर एक लाइव शो के दौरान व्हेल ने हमला किया और उसकी जान ले ली। कुछ पोस्ट्स में यह भी कहा गया कि यह घटना इतनी दर्दनाक थी कि इसने पूरी दुनिया को हिला दिया। एक वीडियो में दावा किया गया कि जेसिका ने इस व्हेल को अपने बच्चे की तरह पाला था, लेकिन फिर भी व्हेल ने उस पर हमला कर दिया।
लेकिन आखिर इस वीडियों के पीछे क्या सच्चाई है, जांच करने पर सच सामने आए है, जांच में पाया गया कि जेसिका रैडक्लिफ नाम की किसी मरीन ट्रेनर का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है। न तो समुद्री जीवों की ट्रेनिंग से जुड़े किसी संगठन में इस नाम की ट्रेनर का उल्लेख मिलता है।
क्या है वीडियों की सच्चाई?
वायरल वीडियो, जिसमें कथित तौर पर यह हमला दिखाया गया, विशेषज्ञों ने इस वीडियों को जांचा और इसे कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) द्वारा निर्मित बताया। कुछ पोस्ट्स में यह दावा किया गया कि हमले का कारण जेसिका का मासिक धर्म था, जिसके कारण व्हेल ने खून देखकर हमला किया। यह दावा जैविक रूप से गलत है। ओर्का व्हेल्स अत्यंत बुद्धिमान प्राणी हैं और वे मानव रक्त को इस तरह से प्रतिक्रिया नहीं करते। आपको बता दें इस तरह की कहानियाँ अतीत में भी सामने आ चुकी हैं, जैसे कि 2010 में सीवर्ल्ड के ट्रेनर डॉन ब्रांच्यू की एक ओर्का द्वारा मौत, जो एक वास्तविक और दुखद घटना थी। हालांकि, जेसिका की कहानी के साथ कोई समानता नहीं मिलती, और यह पूरी तरह से काल्पनिक आधार पर प्रतीत होती है।
जेसिका रैडक्लिफ और व्हेल हमले की खबर पूरी तरह से फर्जी है। यह एक AI-जनरेटेड वीडियो है, जिसे सोशल मीडिया पर सनसनीखेज बनाने के लिए फैलाया गया। जेसिका रैडक्लिफ की यह कथित घटना केवल एक काल्पनिक कहानी है, जिसका कोई वास्तविक आधार नहीं है। लेकिन इस खबर से हमें यह सीख मिलती है कि जंगली जानवरों के साथ काम करना जोखिम भरा हो सकता है,



