गर्मी के दिनों में कार में बैठते ही AC चालू करना आम आदत है, लेकिन यही गलती आपकी जेब पर भारी पड़ सकती है। अगर कार धूप में खड़ी रही है तो अंदर का तापमान काफी ज्यादा होता है। ऐसे में तुरंत AC फुल स्पीड पर चलाने से कंप्रेसर पर दबाव बढ़ता है। बेहतर तरीका यह है कि पहले कार स्टार्ट करके सभी खिड़कियां खोलें और ब्लोअर को तेज स्पीड पर चलाकर अंदर की गर्म हवा बाहर निकालें, फिर AC चालू करें।
AC सेटिंग्स सही रखना बेहद जरूरी
अक्सर लोग सोचते हैं कि सबसे कम तापमान रखने से कार जल्दी ठंडी होगी और ईंधन भी कम लगेगा, लेकिन सच्चाई इसके उलट है। अगर कार में ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल है तो तापमान 24 से 26 डिग्री के बीच रखना सही माना जाता है। वहीं मैनुअल AC में ब्लोअर को मध्यम स्तर पर रखना बेहतर होता है। बहुत कम तापमान सेट करने से कंप्रेसर लगातार चलता रहता है, जिससे फ्यूल खपत बढ़ जाती है।
री-सर्कुलेशन मोड का करें सही इस्तेमाल
AC का री-सर्कुलेशन मोड गर्मियों में काफी फायदेमंद होता है। यह फीचर कार के अंदर की ठंडी हवा को बार-बार घुमाता है और बाहर की गर्म हवा को अंदर आने से रोकता है। इससे कूलिंग तेजी से होती है और AC को ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती। नतीजा यह होता है कि इंजन पर लोड कम पड़ता है और माइलेज बेहतर मिलता है।
खिड़कियां बंद रखना और लीक से बचना जरूरी
AC चलाते समय यह ध्यान रखना जरूरी है कि कार की सभी खिड़कियां और दरवाजे पूरी तरह बंद हों। अगर थोड़ी भी हवा बाहर निकलती है तो AC को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इससे न सिर्फ कूलिंग कम होती है बल्कि ईंधन की खपत भी बढ़ जाती है। छोटी सी लापरवाही लंबे समय में बड़ा खर्च बढ़ा सकती है।
एयर फिल्टर की सफाई से बढ़ेगी कूलिंग
कार का एयर फिल्टर साफ होना भी बहुत जरूरी है। गंदा फिल्टर हवा के प्रवाह को रोकता है, जिससे AC की कूलिंग कमजोर हो जाती है। ऐसे में ड्राइवर AC की सेटिंग बढ़ा देता है, जिससे फ्यूल ज्यादा खर्च होता है। नियमित सफाई से यह समस्या आसानी से दूर की जा सकती है।
सही आदत से मिलेगा डबल फायदा
अगर इन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखा जाए तो कार जल्दी ठंडी होगी और माइलेज भी बेहतर रहेगा। सही तरीके से AC का इस्तेमाल न सिर्फ सफर को आरामदायक बनाता है बल्कि ईंधन की बचत करके खर्च भी कम करता है।
