हर सुबह स्कूल जाने वाले बच्चों के घर में सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि टिफिन में क्या रखा जाए। माता-पिता चाहते हैं कि बच्चे का खाना स्वादिष्ट भी हो, पौष्टिक भी हो और वह उसे पूरा खत्म करके आए। लेकिन कई बार बच्चे टिफिन बिना खाए वापस ले आते हैं। ऐसे में जरूरी है कि टिफिन में ऐसी चीजें दी जाएं जो बच्चों को पसंद भी आएं और उनकी सेहत के लिए भी फायदेमंद हों। कुछ आसान और हेल्दी विकल्प इस परेशानी को काफी हद तक दूर कर सकते हैं।
मिनी इडली और पनीर पराठा
मिनी वेजिटेबल इडली बच्चों के टिफिन के लिए बेहतरीन विकल्प मानी जाती है। यह हल्की होती है और आसानी से पच जाती है। इसमें गाजर, पालक या अन्य सब्जियां मिलाकर इसे और पौष्टिक बनाया जा सकता है। छोटे आकार की इडली बच्चों को आकर्षित करती है और वे इसे आसानी से खा लेते हैं। इसके अलावा पनीर पराठा भी एक अच्छा विकल्प है। पनीर प्रोटीन से भरपूर होता है और बच्चों को लंबे समय तक ऊर्जा देता है। इसके साथ थोड़ा दही रखने से स्वाद बढ़ता है और पाचन भी बेहतर रहता है।
पोहा बने स्वाद और सेहत का मेल
मूंगफली और मटर वाला पोहा भी बच्चों के टिफिन के लिए शानदार विकल्प है। पोहा जल्दी तैयार हो जाता है और इसमें मौजूद मटर व मूंगफली इसे पौष्टिक बनाते हैं। मूंगफली प्रोटीन देती है, जबकि मटर फाइबर और जरूरी पोषक तत्वों से भरपूर होती है। हल्का नींबू डालने से इसका स्वाद और बढ़ जाता है। यह डिश हल्की होने के साथ-साथ बच्चों को काफी पसंद भी आती है, इसलिए टिफिन खाली लौटने की संभावना बढ़ जाती है।
वेजिटेबल रैप का नया स्वाद
अगर आपका बच्चा रोज एक जैसा खाना पसंद नहीं करता, तो व्होल व्हीट वेजिटेबल रैप अच्छा विकल्प हो सकता है। गेहूं की रोटी में गाजर, शिमला मिर्च, पनीर या चीज भरकर स्वादिष्ट रोल तैयार किया जा सकता है। यह खाने में मजेदार लगता है और बच्चों को फास्ट फूड जैसा अनुभव भी देता है। साथ ही इसमें भरपूर पोषण भी मिलता है। यही वजह है कि कई बच्चे रैप को खुशी-खुशी खत्म कर देते हैं।
मूंग दाल चीला भी शानदार विकल्प
मूंग दाल चीला प्रोटीन से भरपूर और हेल्दी भोजन माना जाता है। इसमें कद्दूकस की हुई गाजर, लौकी या अन्य सब्जियां मिलाकर इसे और पौष्टिक बनाया जा सकता है। हरी चटनी या टोमैटो सॉस के साथ यह बच्चों को काफी पसंद आता है। यह पेट भरने वाला और ऊर्जा देने वाला विकल्प है, जो स्कूल के दौरान बच्चों को एक्टिव बनाए रखने में मदद करता है।
रोज बदलें टिफिन का मेन्यू
विशेषज्ञों का मानना है कि बच्चों को रोज एक जैसा खाना देने से उनकी रुचि कम हो सकती है। इसलिए टिफिन में समय-समय पर बदलाव करते रहना चाहिए। कभी इडली, कभी पराठा, कभी पोहा, तो कभी रैप या चीला देने से बच्चों का खाने में उत्साह बना रहता है। जब टिफिन में नई और स्वादिष्ट चीजें मिलती हैं, तो बच्चे उसे खुशी-खुशी खाते हैं और टिफिन भरा हुआ वापस आने की संभावना भी काफी कम हो जाती है।
