पश्चिम बंगाल, राजबीर सिंह। पश्चिम बंगाल में SIR पर रण शुरू हो गया है, मुख्यमंत्री ममता ने SIR के विरोध में कोलकाता में रैली निकाली तो भाजपा नेता समर्थन में 24 परगना की सड़कों पर निकल पड़े। इस बीच केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार और टीएमसी नेता कल्याण बनर्जी के बीच तलवारें खिंच गईं। दोनों तरफ से न केवल गरम बहस हुई बल्कि यह बहस गालियों तक पहुंच गई और दोनों ने एक-दूसरे को देख लेने तक की धमकी दे डाली।
दरअसल आज यानी 4 नवंबर से पश्चिम बंगाल, उप्र, केरल, तमिलनाडु समेत 12 प्रदेशों में SIR की प्रक्रिया शुरू हो गई है। जहां भी गैर भाजपा सरकारें हैं वहां SIR का विरोध शुरू हो गया है। डीएमके फिर नए तर्कों के साथ सुप्रीमकोर्ट पहुंच गया है तो महाराष्ट्र के अघाड़ी नेता निर्वाचन आयोग से पास पहुंच गए, उन्होंने कहा निर्वाचन आयोग से राहत नहीं मिली तो सड़कों पर उतरकर आंदोलन शुरू कर देंगे। सबसे तीखा विरोध पश्चिम बंगाल से शुरू हुआ है जहां मुख्यमंत्री ममता बनर्जी खुद सड़क पर उतर आयीं और दोनों तरफ से हमले शुरू हो गए। केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार ने कहा जरूरत पड़ी तो SIR के लिए अर्ध सैनिक बल लगाया जाएगा, इसका जवाब टीएमसी के कल्याण बनर्जी ने दिया। उन्होंने कहाकि बीएसएफ लेकर आओ चाहे सेना और चाहे अपने बाप मोदी-शाह को लेकर आओ, देखते हैं कैसे लौटकर जाते हो। इसके बाद दोनों तरफ से गालियां तक दी गईं, तनाव और पश्चिम बंगाल की स्थिति देख निर्वाचन आयोग ने अपनी टीम वहां भेजने का फैसला किया है। आयोग की टीम 5 से 8 नवंबर तक पश्चिम बंगाल में रहेगी और SIR की पूरी प्रक्रिया देखने के साथ लोगों को अश्वस्त करेगी की पूरी प्रक्रिया शांति से पूरी की जाएगी।



